
मेषः- चू, चे, चो, ला, ली, लू, लो, अ
व्यापार से जुड़े कामकाज आंशिक सफलता की ओर अग्रसर रहेंगे। भागमभाग जिन्दगी जिन्दगी की रफ्तार को रोकपाना चुनौतीपूर्ण साबित होगा। जीवन साथ के सहयोग के चलते घरेलू कामकाज मे प्रगति का वातावरण निर्मित होगा। अचानक निर्णय लेने की प्रवृत्तियां आप पर लगातार हावी रहेंगी। कुसंगति के चलते व्यय भार के अधिकाधिक श्रोत भी उत्पन्न होंगे। लाभ और खर्च के मध्य असंतुलन गहराता प्रतीत होगा। तारीख 01, 02 उत्तम सूचक है।
वृषः- ई, ऊ, ए, ओ, वा, वी, वू, वे, वो
अनायास किसी पुराने मित्र से मुलाकात का हर्ष रहेगा। अनियन्त्रित खान-पान व्यवस्था के चलते पेट सम्बन्धी रोगों का सामना करना पड़ सकता है। विरोधियों पर आपकी शमनात्मक कार्यवाही बेहद असरदार साबित होगी। भूमि क्रय-विक्रय से जुड़े कामकाज सकारात्मक दिशा की ओर अग्रसर होंगे। दौड़धूप और और व्यस्तता की अनायास अधिकता प्रतीत होगी। कहीं का पुराना रुका हुआ धन प्राप्त होने के योग भी भगवान भोलेनाथ की कृपा आप पर लगातार बनी रहेगी। तारीख 02, 03 बेहतरी का अहसास कराने वाली प्रतीत होगी।
मिथुनः- का, की, कू, के, को, हो, घ, ङ, छ
कुटुम्ब मे मांगलिक कार्य होने के स्पष्ट संकेत प्राप्त होंगे। वाणी मे चिडचिड़ेपन की समाविष्टि के चलते पारिवारिक सदस्यों से वैचारिक मतभेद का सामना करना पड़ सकता है। हास-परिहास के उपलब्ध हो रहे अवसरों पर व्यंगात्मक शैली का प्रयोग ना करें। घर-ग्रहस्थी की गाड़ी सामान्य प्रक्रिया की तरह चलती-फिरती प्रतीत होगी। संतान पक्ष की जरुरतों के प्रति बेहतद जागरुक रहेंगे। मनोरंजन के संसाधन जुटाने के प्रयासों को बल मिलेगा। ईश्वर अराधना का मार्ग बेहद रुचिकर प्रतीत होगा। तारीख 03, 04 प्रगतिकारक सिद्ध होगी।
कर्क:- ही, हू, हे, हो, डा, डी, डू, डे, डो
खान-पान मे तरल पदार्थों के साथ-साथ मिष्ठान से बने व्यंजन भी रुचिकर प्रीत होंगे। बातचीत मे सतर्क रहकर पारिवारिक सदस्यों का मन जीत पायेंगे। जीवन संगिनी के साथ मधुरतम पलों का बेहतरीन सदुपयोग करने मे सफल सिद्ध होंगे। बातचीत मे सतर्क रहकर पारिवारिक सदस्यों का मन जीत पायेंगे। जीवन संगिनी के साथ मधुरतम पलों का बेहतरीन सदुपयोग करने मे सफल सिद्ध होंगे। दूसरों की शिकायत करने की प्रवृत्तियों पर नियन्त्रण रखना अति आवश्यक कदम होगा। आपकी धार्मिक आस्था धार्मिक अनास्था मे परिवर्तित होगी। राजकीय कार्य आंशिक कठिनाइयों के साथ सम्पन्न होंगे। तारीख 01, 02 प्रगति सूचक हैं।
सिंहः- मा, मी, मू, मे, मो, टा, टी, टू, टे
चिकित्सा, शिक्षा आदि से जुड़े कामकाज सकारात्मक मार्ग की ओर अग्रसर रहेंगे। मित्रों, सहयोगियों आदि से आपके बड़ते जन सम्पर्क राजनैतिक लाभ का वातावरण बनायेंगे। सार्थकतापूर्ण क्रिया-कलाप अतिरिक्त धन व्यय भार का कारण बनेंगे। उत्पन्न हो रहे यात्रा के अधिकाधिक प्रकरण शारीरिक एवं मानसिक कष्ट के सूचक सिद्ध होंगे। जीवन साथी के साथ बातचीत मे सतर्कता बरतकर गृहस्थ जीवन को जटिल होने से बचा सकते हैं। खान-पान व्यवस्था प्रभावित होती प्रतीत होगी। तारीख 03, 04 उन्नति कारक मार्ग की ओर अग्रसर रहेगी।
कन्याः- टो, पा, पी, पू, पे, पो, ष, ण, ठ
राजनैतिक व्यक्तियों के साथ आपके बड़ते जन सम्पर्क सामाजिक ख्याति का वातावरण बनायेंगे। किसी धार्मिक, मांगलिक आयोजन मे आपकी भागीदारी सुनिश्चित होगी। अनायास तथा अकारण व्यय भार भी सहन करना पड़ सकता है। जीवन संगिनी की सोच मनः स्थिति को प्रभावित करेगी। किसी नवीन व्यापार मे अतिरिक्त पूंजी निवेश घातक कदम सिद्ध होगा। पेट सम्बन्धी रोगों से अतिरिक्त सावधानी आपेक्षित है। जटिल भाषा-शैली के प्रयोग के चलते जटिलतायें प्रतीत होंगी। तारीख 01, 02 प्रगति हा अहसास करायेंगी।
तुलाः- रा, री, रु, रे, रो, ता, ती, तू, ते
रोजी-रोटी की दिशा मे किये जा रहे प्रयास सार्थक दिशा की ओर अग्रसर रहेंगे। राज्याधिकारियों की सहयोगी भावना के चलते कई महत्वपूर्ण विषयों में सफलता प्राप्त होगी। सूर्य और शनि मे षडाष्टक योग किसी ना किसी रुप मे शारीरिक एवं मानसिक कष्टों का वातावरण बनायेगा। ग्रहस्थ जीवन सामान्य प्रक्रिया की तरह चलती-फिरती प्रतीत होगी। व्यवसायिक कार्य योजनाओं को विस्तार का अभी सही वक्त नहीं है। विरोधियों का विरोध कम करने की अद्भुत क्षमता आपके पास मौजूद रहेगी। तारीख 02, 03 उत्तम कारक सिद्ध होगी।
वृश्चिकः- तो, ना, नी, नू, ने, नो, या, यी, यू
संतान पक्ष की आलसी प्रवृत्तियां मनः स्थिति को प्रभावित करेंगी। भागमभाग जिन्दगी की रफ्तार पर ब्रेक लगा पाना चुनौतीपूर्ण कार्य साबित होगा। न्यायालय से सम्बन्धित कामकाजों मे प्रगति की राहों में कठिनाइयां आती प्रतीत होंगी। अभिभाव गणों का स्वास्थ्य भी चिन्तित करे वाला होगा। जीवन साथी के सहयोग के चलते घरेलू वातावरण सामान्य बना रहेगा। खान-पान व्यवस्था मे सादगीपूर्ण भोजन ही रुचिकर प्रतीत होगा। उच्च शिक्षा से जुड़े मामलों मे प्रगति सूत्र स्थापित होंगे। तारीख 03, 04 प्रगति कारक हैं।
धनुः– ये, यो, भा, भी, भू, भे, ध, फ, ढ़
प्राविधिक शिक्षा प्रतियोगिता की दिशा मे किये जा रहे प्रयास सकारात्मक दिशा की ओर अग्रसर रहेंगे। अभिभावक वर्ग किसी ना किसी रुप मे मानसिक परेशानी का सबब बनेगा। कमर दर्द, पीठ का दर्द आपको भी प्रभावित कर सकता है। किसी गीत, संगीत, नृत्य आदि के समारोह मे आपकी भागीदारी सामाजिक सुख्याति का निर्माण करेगी। कोर्ट-कचेहरी से जुड़े कार्य नाऊम्मीद करते प्रतीत होंगे। ग्रहस्थ जीवन मे तीखी-मीठी नोंक-झोंक का सामना करना पड़ सकता है। ईश्वर अराधना के प्रति उदासीनता रहेगी। तारीख 06, 07 बेहतर सिद्ध होंगी।
मकरः- भो, जा, जी, खी, खू, खे, खो, गा, गी
भोजन व्यवस्था को विस्तार रुप देने मे सफलता प्राप्त होगी। मन मे आ रही व्यवसायिक उलझनों की समाप्ति का मार्ग खुलता प्रतीत होगा। यात्रा के दौरान यातायात के नियमों का पालन अति आवश्यक कदम होगा। प्रापर्टी क्रय-विक्रय से जुड़े कार्यों मे लाभान्वित होने का उत्तम समय है। आजीविका सम्बन्धी मामले प्रगति पथ की ओर अग्रसर रहेंगे। शाशन-प्रसासन से जुड़े मसले आसानी से प्रगति मार्ग की ओर बड़ते प्रतीत होंगे। किसी मांगलिक कार्य मे आपकी संलग्नता बड़ेगी। तारीख 01, 02 शुभ है।
कुम्भः- गू, गे, गो, सा, सी, सू, से, सो, द
पारिवारिक सदस्यों के चलते धन व्यय भार के अतिरिक्त श्रोतों का निर्धारण होगा। रक्तचाप, एनीमिया आदि के शिकार बन सकते हैं। दौड़धूप और व्यस्तता अनायास मार्ग खुलते प्रतीत होंगे। ईश्वर अराधना के मार्ग पर चलकर मानसिक शान्ति प्राप्त होगी। ग्रहस्थ जीवन की तीखी-मीठी तकरार सप्ताह भर जारी रहेगी। विरोधियों की सक्रियता समाप्त करने की प्रक्रिया की ओर मानसिक रुप से अग्रसर रहेंगे। कुटुम्ब के सदस्यों से वैचारिक मतभेद की स्थितियों का सामना करना पड़ेगा। तारीख 03, 04 बेहतरी का अहसास करायेगी।
मीनः- दी, दू, दे, दो, थ, झ, अ, चा, ची
दुष्टजन संगति के चलते मानसिक परेशानी का वातावरण बनेगा। खर्च भी अधिकतम सीमा रेखा पार करेगा। त्रिकोणस्थ बृहस्पति भी विषयों को सुधारते प्रतीत होंगे। संतान पक्ष के कामकाजों मे आपकी संलग्नता बरकरार रहेगी। पीठ का दर्द, कमर का दर्द, शारीरिक कष्ट का का सूचक सिद्ध होगा। यात्रा के दौरान यातायात के नियमों का कड़ाई से पालन करना अति आवश्यक कदम है। भगवान भक्ति मे पूर्ण रुपेण आस्था कई बिगड़ते कार्यों को नवीन दिशा देती प्रतीत होगी। तारीख 06, 07 प्रगति मार्ग की ओर अग्रसर होगी।
सप्ताह के प्रमुख व्रत, पर्व और त्यौहार-
- भद्रा प्रातः 08 बजकर 16 मिनट तक, अहोई अष्टमी, चन्द्रोदय रात्रि मे 11 बजकर 18 मिनट पर, 01 नवम्बर, रविवार ।
- 2. राधा अष्टमी व्रतम्, राधा जयन्ती, कराष्टमी (महाराष्ट्र) सोमवार, 02 नवम्बर।
- 3. भद्रा रात्रि मे 01 बजकर 54 मिनट से प्रारम्भ, मंगलवार, 03 नवम्बर।
- 4. भद्रा दिन मे 12 बजकर 53 मिनट तक, 04 नवम्बर, बुधवार।
- 5. रम्भा एकादशी व्रतम् सर्वेषाम्, रमा एकादशी, गोवत्स द्वादशी, 05 नवम्बर, गुरुवार।
- 6. प्रदोष द्वादशी व्रतम्, धन त्रयोदशी (धनतेरस), धन्वन्तरी जयन्ती, शुक्रवार, 06 नवम्बर।
- 7. भद्रा पाताल मे दिन मे 10 बजकर 46 मिनट से प्रारम्भ होकर रात्रि मे 10 बजकर 46 मिनट तक, शनिवार, 07 नवम्बर।
Pt Anand Awasthi
पटेल नगर कालोनी बछरावां,
रायबरेली डी-79, साउथ सिटी, लखनऊ
